Sabko Maloom Hai Main Sharabi Nahin (Live)
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⏱️ 4:05 duration
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📜 Lyrics
सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
मुझको मयकश समझते हैं सब वादाकश
मुझको मयकश समझते हैं सब वादाकश
क्योंकि उनकी तरह लड़खड़ाता हूँ मैं
क्योंकि उनकी तरह लड़खड़ाता हूँ मैं
मेरी रग-रग में नशा मोहब्बत का है
मेरी रग-रग में नशा मोहब्बत का है
मेरी रग-रग में नशा मोहब्बत का है
जो समझ में ना आए तो मैं क्या करूँ?
जो समझ में ना आए तो मैं क्या करूँ?
सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
मैं क्या करूँ? क्या करूँ? क्या करूँ?
फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
मुझको मयकश समझते हैं सब वादाकश
मुझको मयकश समझते हैं सब वादाकश
क्योंकि उनकी तरह लड़खड़ाता हूँ मैं
क्योंकि उनकी तरह लड़खड़ाता हूँ मैं
मेरी रग-रग में नशा मोहब्बत का है
मेरी रग-रग में नशा मोहब्बत का है
मेरी रग-रग में नशा मोहब्बत का है
जो समझ में ना आए तो मैं क्या करूँ?
जो समझ में ना आए तो मैं क्या करूँ?
सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
मैं क्या करूँ? क्या करूँ? क्या करूँ?
⏱️ Synced Lyrics
[00:01.60] सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
[00:08.36] फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
[00:14.59]
[00:42.14] सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
[00:48.05] फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
[00:53.87] सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
[00:59.87] सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
[01:05.64] और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
[01:11.37] और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
[01:17.27] सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
[01:23.38] फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
[01:29.62]
[02:22.33] मुझको मयकश समझते हैं सब वादाकश
[02:30.83] मुझको मयकश समझते हैं सब वादाकश
[02:36.69] क्योंकि उनकी तरह लड़खड़ाता हूँ मैं
[02:42.37] क्योंकि उनकी तरह लड़खड़ाता हूँ मैं
[02:47.82] मेरी रग-रग में नशा मोहब्बत का है
[02:53.47] मेरी रग-रग में नशा मोहब्बत का है
[02:59.02] मेरी रग-रग में नशा मोहब्बत का है
[03:07.86] जो समझ में ना आए तो मैं क्या करूँ?
[03:13.80] जो समझ में ना आए तो मैं क्या करूँ?
[03:19.67] सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
[03:25.43] सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
[03:31.16] और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
[03:36.86] और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
[03:42.21] सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
[03:48.29] फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
[03:54.03] फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
[03:59.22] मैं क्या करूँ? क्या करूँ? क्या करूँ?
[04:03.47]
[00:08.36] फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
[00:14.59]
[00:42.14] सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
[00:48.05] फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
[00:53.87] सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
[00:59.87] सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
[01:05.64] और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
[01:11.37] और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
[01:17.27] सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
[01:23.38] फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
[01:29.62]
[02:22.33] मुझको मयकश समझते हैं सब वादाकश
[02:30.83] मुझको मयकश समझते हैं सब वादाकश
[02:36.69] क्योंकि उनकी तरह लड़खड़ाता हूँ मैं
[02:42.37] क्योंकि उनकी तरह लड़खड़ाता हूँ मैं
[02:47.82] मेरी रग-रग में नशा मोहब्बत का है
[02:53.47] मेरी रग-रग में नशा मोहब्बत का है
[02:59.02] मेरी रग-रग में नशा मोहब्बत का है
[03:07.86] जो समझ में ना आए तो मैं क्या करूँ?
[03:13.80] जो समझ में ना आए तो मैं क्या करूँ?
[03:19.67] सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
[03:25.43] सिर्फ़ एक बार नज़रों से नज़रें मिलें
[03:31.16] और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
[03:36.86] और क़सम टूट जाए तो मैं क्या करूँ?
[03:42.21] सब को मालूम है मैं शराबी नहीं
[03:48.29] फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
[03:54.03] फिर भी कोई पिलाए तो मैं क्या करूँ?
[03:59.22] मैं क्या करूँ? क्या करूँ? क्या करूँ?
[04:03.47]