Jaag Dard-E-Ishq Jaag
🎵 1641 characters
⏱️ 3:12 duration
🆔 ID: 4837949
📜 Lyrics
जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग, जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग
दिल को बेक़रार कर, छेड़ के आँसुओं का राग
जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग, जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग
जाग..., जाग...
आ आ...
किसको सुनाऊँ दास्तां, किसको दिखाऊँ दिल के दाग़
जाऊँ कहाँ कि दूर तक, जलता नहीं कोई चिराग़ – 2
राख बन चुकी है आग, राख बन चुकी है आग
दिल को बेक़रार कर, छेड़ के आँसुओं का राग
जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग, जाग...
ऐसी चली हवा-ए-ग़म, ऐसा बदल गया समा – 2
रूठ के मुझ से चल दिये ...
रूठ के मुझ से चल दिये, मेरी खुशी के कारवां
डस रहें हैं ग़म के नाग
जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग, जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग
दिल को बेक़रार कर, छेड़ के आँसुओं का राग
जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग, जाग...
आँख ज़रा लगी तेरी, सारा जहान सो गया
ये ज़मीन सो गई, आसमान सो गया
सो गया प्यार का चिराग़
जाग, जाग, जाग, जाग
दिल को बेक़रार कर, छेड़ के आँसुओं का राग
जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग, जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग
जाग..., जाग...
आ आ...
किसको सुनाऊँ दास्तां, किसको दिखाऊँ दिल के दाग़
जाऊँ कहाँ कि दूर तक, जलता नहीं कोई चिराग़ – 2
राख बन चुकी है आग, राख बन चुकी है आग
दिल को बेक़रार कर, छेड़ के आँसुओं का राग
जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग, जाग...
ऐसी चली हवा-ए-ग़म, ऐसा बदल गया समा – 2
रूठ के मुझ से चल दिये ...
रूठ के मुझ से चल दिये, मेरी खुशी के कारवां
डस रहें हैं ग़म के नाग
जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग, जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग
दिल को बेक़रार कर, छेड़ के आँसुओं का राग
जाग दर्द-ए-इश्क़ जाग, जाग...
आँख ज़रा लगी तेरी, सारा जहान सो गया
ये ज़मीन सो गई, आसमान सो गया
सो गया प्यार का चिराग़
जाग, जाग, जाग, जाग