Jaadu Maaya (From the Album "Tu Hai")
🎵 3335 characters
⏱️ 8:15 duration
🆔 ID: 5304344
📜 Lyrics
ये दुनिया थोड़ी क्षणभंगुर, ये दुनिया थोड़ी थेथर है
तुम जितनी ज़हर समझते हो, बस उससे थोड़ी बेहतर है
ये दुनिया थोड़ी क्षणभंगुर, ये दुनिया थोड़ी थेथर है
तुम जितनी ज़हर समझते हो, बस उससे थोड़ी बेहतर है
ये बूढ़ी खचड़ा-गाड़ी है जो धक्के-धक्के चलती है
ये उजड़ी ठाकुर-बाड़ी है जो अब मुँह ढक के चलती है
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
यहाँ वक़्त ना सीधा चलता है, सब ऊन के उलझे गोले हैं
यहाँ बिना हिसाब उधारी के सब ने ही खाते खोले हैं
यहाँ टूटते-गिरते नक्षत्रों ने नदियाँ कई सुखाई हैं
यहाँ बंदों ने बंदों की लाशों पे सरकार बनाई है
यहाँ बंदों ने बंदों की लाशों पे सरकार बनाई है
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया (ओ)
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
जिसको हमने सूरज माना, गिरता पुच्छल तारा था
गहरी लंबी नदियों में भी पानी खारा-खारा था
जिसको हमने सूरज माना, गिरता पुच्छल तारा था
गहरी लंबी नदियों में भी पानी खारा-खारा था
डूबना, टूटना, हाथ का छूटना
डूबना, टूटना, हाथ का छूटना
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
तुम जितनी ज़हर समझते हो, बस उससे थोड़ी बेहतर है
ये दुनिया थोड़ी क्षणभंगुर, ये दुनिया थोड़ी थेथर है
तुम जितनी ज़हर समझते हो, बस उससे थोड़ी बेहतर है
ये बूढ़ी खचड़ा-गाड़ी है जो धक्के-धक्के चलती है
ये उजड़ी ठाकुर-बाड़ी है जो अब मुँह ढक के चलती है
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
यहाँ वक़्त ना सीधा चलता है, सब ऊन के उलझे गोले हैं
यहाँ बिना हिसाब उधारी के सब ने ही खाते खोले हैं
यहाँ टूटते-गिरते नक्षत्रों ने नदियाँ कई सुखाई हैं
यहाँ बंदों ने बंदों की लाशों पे सरकार बनाई है
यहाँ बंदों ने बंदों की लाशों पे सरकार बनाई है
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया (ओ)
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
जिसको हमने सूरज माना, गिरता पुच्छल तारा था
गहरी लंबी नदियों में भी पानी खारा-खारा था
जिसको हमने सूरज माना, गिरता पुच्छल तारा था
गहरी लंबी नदियों में भी पानी खारा-खारा था
डूबना, टूटना, हाथ का छूटना
डूबना, टूटना, हाथ का छूटना
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
⏱️ Synced Lyrics
[00:40.28] ये दुनिया थोड़ी क्षणभंगुर, ये दुनिया थोड़ी थेथर है
[00:50.42] तुम जितनी ज़हर समझते हो, बस उससे थोड़ी बेहतर है
[01:00.43] ये दुनिया थोड़ी क्षणभंगुर, ये दुनिया थोड़ी थेथर है
[01:10.63] तुम जितनी ज़हर समझते हो, बस उससे थोड़ी बेहतर है
[01:16.08]
[01:25.88] ये बूढ़ी खचड़ा-गाड़ी है जो धक्के-धक्के चलती है
[01:35.85] ये उजड़ी ठाकुर-बाड़ी है जो अब मुँह ढक के चलती है
[01:41.68]
[02:29.19] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[02:39.04] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[02:49.29] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[02:56.87] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[03:02.10]
[03:34.68] यहाँ वक़्त ना सीधा चलता है, सब ऊन के उलझे गोले हैं
[03:44.88] यहाँ बिना हिसाब उधारी के सब ने ही खाते खोले हैं
[03:54.80] यहाँ टूटते-गिरते नक्षत्रों ने नदियाँ कई सुखाई हैं
[04:02.43] यहाँ बंदों ने बंदों की लाशों पे सरकार बनाई है
[04:07.57] यहाँ बंदों ने बंदों की लाशों पे सरकार बनाई है
[04:12.46] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया (ओ)
[04:20.26] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[04:30.31] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[04:37.84] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[04:43.10]
[06:21.62] जिसको हमने सूरज माना, गिरता पुच्छल तारा था
[06:26.77] गहरी लंबी नदियों में भी पानी खारा-खारा था
[06:41.91] जिसको हमने सूरज माना, गिरता पुच्छल तारा था
[06:46.95] गहरी लंबी नदियों में भी पानी खारा-खारा था
[06:52.18] डूबना, टूटना, हाथ का छूटना
[07:02.23] डूबना, टूटना, हाथ का छूटना
[07:11.99] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[07:19.45] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[07:29.56] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[07:39.51] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[07:50.58]
[00:50.42] तुम जितनी ज़हर समझते हो, बस उससे थोड़ी बेहतर है
[01:00.43] ये दुनिया थोड़ी क्षणभंगुर, ये दुनिया थोड़ी थेथर है
[01:10.63] तुम जितनी ज़हर समझते हो, बस उससे थोड़ी बेहतर है
[01:16.08]
[01:25.88] ये बूढ़ी खचड़ा-गाड़ी है जो धक्के-धक्के चलती है
[01:35.85] ये उजड़ी ठाकुर-बाड़ी है जो अब मुँह ढक के चलती है
[01:41.68]
[02:29.19] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[02:39.04] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[02:49.29] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[02:56.87] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[03:02.10]
[03:34.68] यहाँ वक़्त ना सीधा चलता है, सब ऊन के उलझे गोले हैं
[03:44.88] यहाँ बिना हिसाब उधारी के सब ने ही खाते खोले हैं
[03:54.80] यहाँ टूटते-गिरते नक्षत्रों ने नदियाँ कई सुखाई हैं
[04:02.43] यहाँ बंदों ने बंदों की लाशों पे सरकार बनाई है
[04:07.57] यहाँ बंदों ने बंदों की लाशों पे सरकार बनाई है
[04:12.46] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया (ओ)
[04:20.26] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[04:30.31] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[04:37.84] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[04:43.10]
[06:21.62] जिसको हमने सूरज माना, गिरता पुच्छल तारा था
[06:26.77] गहरी लंबी नदियों में भी पानी खारा-खारा था
[06:41.91] जिसको हमने सूरज माना, गिरता पुच्छल तारा था
[06:46.95] गहरी लंबी नदियों में भी पानी खारा-खारा था
[06:52.18] डूबना, टूटना, हाथ का छूटना
[07:02.23] डूबना, टूटना, हाथ का छूटना
[07:11.99] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[07:19.45] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[07:29.56] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[07:39.51] कुछ ख़ाक समझ ना ਆਵੇਗੀ इस दुनिया की जादू माया
[07:50.58]