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Zindagi

👤 Ajey Nagar (CarryMinati) 🎼 Zindagi ⏱️ 3:25
🎵 4451 characters
⏱️ 3:25 duration
🆔 ID: 5614941

📜 Lyrics

बचपन से सोचा, "कैसा होगा बड़ा होना?"
हर बात पे चुप हुआ रंडी-रोना
पहली बार जब ज़िन्दगी में हुआ धोका
ऐसा लगा दोबारा ना मिलेगा ये मौका

खुद को रोका, खुद को टोका
बोलती मैं सच जानने के लिए छोटा
खुद को कोसा, खुद को बोला
"ये प्यार बस एक बार का ही होता"

पहचान बढ़ती मेरी खौफ़नाक रूप से
शक्तिशाली बनता बंदा बार-बार टूट के
सूट में बैठे मेरो जैसे कलाकार, लूटने loop पे
चलता मेरा गाना radio booth पे
भूलते जो सपने देखे school में
आएँगे मेरे fan मुझसे मिलने shoot पे
रूठते, फिर दिक्कतों को भूल कर झूलते

ग़लत मोड़ पे खड़ी हैं मेरी ज़िन्दगी
दिमाग़ और दिल के बीच जो अटकी मेरी ज़िन्दगी
गिर के उठने का नाम ही हैं "ज़िन्दगी"
Road से करोड़ तक ही हैं ये ज़िन्दगी

ग़लत मोड़ पे खड़ी हैं मेरी ज़िन्दगी
दिमाग़ और दिल के बीच जो अटकी मेरी ज़िन्दगी
गिर के उठने का नाम ही हैं "ज़िन्दगी"
Road से करोड़ तक ही हैं ये ज़िन्दगी

पहले एक दिन लगता पूरा साल था
पता ना चलता अब साल भी कहाँ गया
पहले साथ दोस्तों का झुंड खेलता था
सोचता हूँ उनकी मंज़िलों में क्या लिखा था

चोटे खाके सीखा लड़ने का तरीका
सब कुछ पाकर कुछ भी ना जीता
हाँ, मैं जीता, दुनिया का रंग पड़ा फ़ीका
हाँ, मैं चिखा सोच-सोच के जो मुझपे बिता

घुटनों पे रोती वो मेरी आख़िरी याद है
मुझसे पहले भी वो और किसी के साथ है
क्या करूँ जब मेरे सीने में लगती आग हैं?
प्यार करने का मिलता कैसा ये इनाम हैं

धीरे-धीरे घुटता दम हर रात हैं
गुज़ारा जितना वक़्त लगता अब पाप हैं
पूरा करता कोई और उसके ख़्वाब है
फिर भी रहना चाहती वो मेरे साथ हैं

ग़लत मोड़ पे खड़ी हैं मेरी ज़िन्दगी
दिमाग़ और दिल के बीच जो अटकी मेरी ज़िन्दगी
गिर के उठने का नाम ही हैं "ज़िन्दगी"
Road से करोड़ तक ही हैं ये ज़िन्दगी

ग़लत मोड़ पे खड़ी हैं मेरी ज़िन्दगी
दिमाग़ और दिल के बीच जो अटकी मेरी ज़िन्दगी
गिर के उठने का नाम ही हैं "ज़िन्दगी"
Road से करोड़ तक ही हैं ये ज़िन्दगी

ग़लत मोड़ पे खड़ी हैं मेरी ज़िन्दगी
दिमाग़ और दिल के बीच जो अटकी मेरी ज़िन्दगी
गिर के उठने का नाम ही हैं "ज़िन्दगी"
Road से करोड़ तक ही हैं ये ज़िन्दगी

ज़िन्दगी गिर के उठ
Road से करोड़ तक ही हैं ये ज़िन्दगी

⏱️ Synced Lyrics

[00:22.16] बचपन से सोचा, "कैसा होगा बड़ा होना?"
[00:24.98] हर बात पे चुप हुआ रंडी-रोना
[00:27.66] पहली बार जब ज़िन्दगी में हुआ धोका
[00:30.39] ऐसा लगा दोबारा ना मिलेगा ये मौका
[00:33.07] खुद को रोका, खुद को टोका
[00:35.55] बोलती मैं सच जानने के लिए छोटा
[00:38.29] खुद को कोसा, खुद को बोला
[00:41.14] "ये प्यार बस एक बार का ही होता"
[00:44.02] पहचान बढ़ती मेरी खौफ़नाक रूप से
[00:46.42] शक्तिशाली बनता बंदा बार-बार टूट के
[00:49.28] सूट में बैठे मेरो जैसे कलाकार, लूटने loop पे
[00:53.27] चलता मेरा गाना radio booth पे
[00:55.74] भूलते जो सपने देखे school में
[00:58.66] आएँगे मेरे fan मुझसे मिलने shoot पे
[01:01.55] रूठते, फिर दिक्कतों को भूल कर झूलते
[01:05.24] ग़लत मोड़ पे खड़ी हैं मेरी ज़िन्दगी
[01:08.10] दिमाग़ और दिल के बीच जो अटकी मेरी ज़िन्दगी
[01:10.86] गिर के उठने का नाम ही हैं "ज़िन्दगी"
[01:13.51] Road से करोड़ तक ही हैं ये ज़िन्दगी
[01:16.38] ग़लत मोड़ पे खड़ी हैं मेरी ज़िन्दगी
[01:19.13] दिमाग़ और दिल के बीच जो अटकी मेरी ज़िन्दगी
[01:21.78] गिर के उठने का नाम ही हैं "ज़िन्दगी"
[01:24.41] Road से करोड़ तक ही हैं ये ज़िन्दगी
[01:27.24] पहले एक दिन लगता पूरा साल था
[01:29.82] पता ना चलता अब साल भी कहाँ गया
[01:32.71] पहले साथ दोस्तों का झुंड खेलता था
[01:35.56] सोचता हूँ उनकी मंज़िलों में क्या लिखा था
[01:38.46] चोटे खाके सीखा लड़ने का तरीका
[01:41.05] सब कुछ पाकर कुछ भी ना जीता
[01:43.51] हाँ, मैं जीता, दुनिया का रंग पड़ा फ़ीका
[01:46.37] हाँ, मैं चिखा सोच-सोच के जो मुझपे बिता
[01:49.32] घुटनों पे रोती वो मेरी आख़िरी याद है
[01:52.19] मुझसे पहले भी वो और किसी के साथ है
[01:54.73] क्या करूँ जब मेरे सीने में लगती आग हैं?
[01:57.72] प्यार करने का मिलता कैसा ये इनाम हैं
[02:00.27] धीरे-धीरे घुटता दम हर रात हैं
[02:02.69] गुज़ारा जितना वक़्त लगता अब पाप हैं
[02:05.40] पूरा करता कोई और उसके ख़्वाब है
[02:08.21] फिर भी रहना चाहती वो मेरे साथ हैं
[02:10.82] ग़लत मोड़ पे खड़ी हैं मेरी ज़िन्दगी
[02:13.52] दिमाग़ और दिल के बीच जो अटकी मेरी ज़िन्दगी
[02:16.20] गिर के उठने का नाम ही हैं "ज़िन्दगी"
[02:18.99] Road से करोड़ तक ही हैं ये ज़िन्दगी
[02:21.76] ग़लत मोड़ पे खड़ी हैं मेरी ज़िन्दगी
[02:24.47] दिमाग़ और दिल के बीच जो अटकी मेरी ज़िन्दगी
[02:27.14] गिर के उठने का नाम ही हैं "ज़िन्दगी"
[02:29.92] Road से करोड़ तक ही हैं ये ज़िन्दगी
[02:32.77] ग़लत मोड़ पे खड़ी हैं मेरी ज़िन्दगी
[02:35.42] दिमाग़ और दिल के बीच जो अटकी मेरी ज़िन्दगी
[02:38.02] गिर के उठने का नाम ही हैं "ज़िन्दगी"
[02:40.94] Road से करोड़ तक ही हैं ये ज़िन्दगी
[02:45.34] ज़िन्दगी गिर के उठ
[02:52.21] Road से करोड़ तक ही हैं ये ज़िन्दगी
[02:55.15]

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