Apne Aap Raaton Mein
🎵 1745 characters
⏱️ 5:20 duration
🆔 ID: 8085153
📜 Lyrics
अपने आप रातों में चिलमनें सरकती हैं
चौंकते हैं दरवाज़े, सीढ़ियाँ धड़कती हैं
अपने आप, अपने आप...
एक अजनबी आहट आ रही है कम-कम सी
जैसे दिल के पर्दों पर गिर रही हो शबनम सी
बिन किसी की याद आए दिल के तार हिलते हैं
बिन किसी के खनकाए चूड़ियाँ खनकती हैं
अपने आप, अपने आप...
कोई पहले दिन जैसे घर किसी के जाता हो
जैसे ख़ुद मुसाफ़िर को रास्ता बुलाता हो
पाँव जाने किस जानिब बे-उठाए उठते हैं
और छम-छमा-छम-छम पायलें झनकती हैं
अपने आप, अपने आप रातों में...
जाने कौन बालों में उँगलियाँ पिरोता है
खेलता है पानी से, तन-बदन भिगोता है
जाने किस के हाथों से गागरें छलकती हैं
जाने किस की बाँहों से बिजलियाँ लपकती हैं
अपने आप...
अपने आप रातों में चिलमनें सरकती हैं
चौंकते हैं दरवाज़े, सीढ़ियाँ धड़कती हैं
अपने आप, अपने आप...
चौंकते हैं दरवाज़े, सीढ़ियाँ धड़कती हैं
अपने आप, अपने आप...
एक अजनबी आहट आ रही है कम-कम सी
जैसे दिल के पर्दों पर गिर रही हो शबनम सी
बिन किसी की याद आए दिल के तार हिलते हैं
बिन किसी के खनकाए चूड़ियाँ खनकती हैं
अपने आप, अपने आप...
कोई पहले दिन जैसे घर किसी के जाता हो
जैसे ख़ुद मुसाफ़िर को रास्ता बुलाता हो
पाँव जाने किस जानिब बे-उठाए उठते हैं
और छम-छमा-छम-छम पायलें झनकती हैं
अपने आप, अपने आप रातों में...
जाने कौन बालों में उँगलियाँ पिरोता है
खेलता है पानी से, तन-बदन भिगोता है
जाने किस के हाथों से गागरें छलकती हैं
जाने किस की बाँहों से बिजलियाँ लपकती हैं
अपने आप...
अपने आप रातों में चिलमनें सरकती हैं
चौंकते हैं दरवाज़े, सीढ़ियाँ धड़कती हैं
अपने आप, अपने आप...
⏱️ Synced Lyrics
[00:24.57] अपने आप रातों में चिलमनें सरकती हैं
[00:39.59] चौंकते हैं दरवाज़े, सीढ़ियाँ धड़कती हैं
[00:49.28] अपने आप, अपने आप...
[00:58.34]
[01:23.93] एक अजनबी आहट आ रही है कम-कम सी
[01:36.12] जैसे दिल के पर्दों पर गिर रही हो शबनम सी
[01:48.38] बिन किसी की याद आए दिल के तार हिलते हैं
[01:57.97] बिन किसी के खनकाए चूड़ियाँ खनकती हैं
[02:08.15] अपने आप, अपने आप...
[02:16.92]
[02:42.47] कोई पहले दिन जैसे घर किसी के जाता हो
[02:54.42] जैसे ख़ुद मुसाफ़िर को रास्ता बुलाता हो
[03:06.57] पाँव जाने किस जानिब बे-उठाए उठते हैं
[03:16.08] और छम-छमा-छम-छम पायलें झनकती हैं
[03:25.86] अपने आप, अपने आप रातों में...
[03:35.68]
[03:56.75] जाने कौन बालों में उँगलियाँ पिरोता है
[04:08.74] खेलता है पानी से, तन-बदन भिगोता है
[04:20.94] जाने किस के हाथों से गागरें छलकती हैं
[04:30.51] जाने किस की बाँहों से बिजलियाँ लपकती हैं
[04:40.09] अपने आप...
[04:44.94] अपने आप रातों में चिलमनें सरकती हैं
[04:59.89] चौंकते हैं दरवाज़े, सीढ़ियाँ धड़कती हैं
[05:09.84] अपने आप, अपने आप...
[05:18.49]
[00:39.59] चौंकते हैं दरवाज़े, सीढ़ियाँ धड़कती हैं
[00:49.28] अपने आप, अपने आप...
[00:58.34]
[01:23.93] एक अजनबी आहट आ रही है कम-कम सी
[01:36.12] जैसे दिल के पर्दों पर गिर रही हो शबनम सी
[01:48.38] बिन किसी की याद आए दिल के तार हिलते हैं
[01:57.97] बिन किसी के खनकाए चूड़ियाँ खनकती हैं
[02:08.15] अपने आप, अपने आप...
[02:16.92]
[02:42.47] कोई पहले दिन जैसे घर किसी के जाता हो
[02:54.42] जैसे ख़ुद मुसाफ़िर को रास्ता बुलाता हो
[03:06.57] पाँव जाने किस जानिब बे-उठाए उठते हैं
[03:16.08] और छम-छमा-छम-छम पायलें झनकती हैं
[03:25.86] अपने आप, अपने आप रातों में...
[03:35.68]
[03:56.75] जाने कौन बालों में उँगलियाँ पिरोता है
[04:08.74] खेलता है पानी से, तन-बदन भिगोता है
[04:20.94] जाने किस के हाथों से गागरें छलकती हैं
[04:30.51] जाने किस की बाँहों से बिजलियाँ लपकती हैं
[04:40.09] अपने आप...
[04:44.94] अपने आप रातों में चिलमनें सरकती हैं
[04:59.89] चौंकते हैं दरवाज़े, सीढ़ियाँ धड़कती हैं
[05:09.84] अपने आप, अपने आप...
[05:18.49]