Raeth Ki Tarah
🎵 2472 characters
⏱️ 4:45 duration
🆔 ID: 8103946
📜 Lyrics
रेत की तरह काँच का पंछी
मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
हाथ से फिसले, टूट के टूटे
हाँ, मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
रेत की तरह काँच का पंछी
मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
हाथ से फिसले, टूट के टूटे
हाँ, मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
इसको बता दे, तू नहीं है
तू नहीं थी मेरे पास में
मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
रेत की तरह काँच का पंछी
मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
हाथ से फिसले, टूट के टूटे
हाँ, मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
कच्ची सी ईंटें, टूटी दीवारें
मेरे सहारे थी जो किसी ज़माने में
हाथ में तेरे थी मेरी दुनिया
मेरे सहारे थी जो किसी ज़माने में
मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
इल्म है मुझको, तू यहीं कहीं है
तेरे आँसू मेरे ख़ूँ में रमा क्यूँ?
दिखता नहीं क्यूँ इन आँखों को?
दिल में फिर भी तेरे इतने निशाँ क्यूँ?
मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
हाथ से फिसले, टूट के टूटे
हाँ, मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
रेत की तरह काँच का पंछी
मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
हाथ से फिसले, टूट के टूटे
हाँ, मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
इसको बता दे, तू नहीं है
तू नहीं थी मेरे पास में
मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
रेत की तरह काँच का पंछी
मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
हाथ से फिसले, टूट के टूटे
हाँ, मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
कच्ची सी ईंटें, टूटी दीवारें
मेरे सहारे थी जो किसी ज़माने में
हाथ में तेरे थी मेरी दुनिया
मेरे सहारे थी जो किसी ज़माने में
मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
इल्म है मुझको, तू यहीं कहीं है
तेरे आँसू मेरे ख़ूँ में रमा क्यूँ?
दिखता नहीं क्यूँ इन आँखों को?
दिल में फिर भी तेरे इतने निशाँ क्यूँ?
मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
⏱️ Synced Lyrics
[00:12.96] रेत की तरह काँच का पंछी
[00:18.76] मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
[00:24.71] हाथ से फिसले, टूट के टूटे
[00:30.74] हाँ, मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
[00:36.62] रेत की तरह काँच का पंछी
[00:42.77] मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
[00:48.61] हाथ से फिसले, टूट के टूटे
[00:54.65] हाँ, मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
[00:59.78] इसको बता दे, तू नहीं है
[01:06.84] तू नहीं थी मेरे पास में
[01:11.69] मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
[01:17.75] हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
[01:23.66] मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
[01:29.51] हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
[01:36.78] रेत की तरह काँच का पंछी
[01:42.87] मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
[01:48.99] हाथ से फिसले, टूट के टूटे
[01:54.81] हाँ, मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
[01:59.87]
[02:24.81] कच्ची सी ईंटें, टूटी दीवारें
[02:30.82] मेरे सहारे थी जो किसी ज़माने में
[02:36.79] हाथ में तेरे थी मेरी दुनिया
[02:42.76] मेरे सहारे थी जो किसी ज़माने में
[02:47.72] मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
[02:53.53] हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
[02:59.65] मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
[03:05.50] हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
[03:12.23]
[03:36.81] इल्म है मुझको, तू यहीं कहीं है
[03:43.04] तेरे आँसू मेरे ख़ूँ में रमा क्यूँ?
[03:48.80] दिखता नहीं क्यूँ इन आँखों को?
[03:54.84] दिल में फिर भी तेरे इतने निशाँ क्यूँ?
[03:59.72] मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
[04:05.67] हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
[04:11.51] मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
[04:17.63] हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
[04:24.63]
[00:18.76] मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
[00:24.71] हाथ से फिसले, टूट के टूटे
[00:30.74] हाँ, मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
[00:36.62] रेत की तरह काँच का पंछी
[00:42.77] मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
[00:48.61] हाथ से फिसले, टूट के टूटे
[00:54.65] हाँ, मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
[00:59.78] इसको बता दे, तू नहीं है
[01:06.84] तू नहीं थी मेरे पास में
[01:11.69] मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
[01:17.75] हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
[01:23.66] मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
[01:29.51] हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
[01:36.78] रेत की तरह काँच का पंछी
[01:42.87] मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
[01:48.99] हाथ से फिसले, टूट के टूटे
[01:54.81] हाँ, मेरी ज़िंदगी तेरी गुलाम क्यूँ?
[01:59.87]
[02:24.81] कच्ची सी ईंटें, टूटी दीवारें
[02:30.82] मेरे सहारे थी जो किसी ज़माने में
[02:36.79] हाथ में तेरे थी मेरी दुनिया
[02:42.76] मेरे सहारे थी जो किसी ज़माने में
[02:47.72] मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
[02:53.53] हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
[02:59.65] मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
[03:05.50] हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
[03:12.23]
[03:36.81] इल्म है मुझको, तू यहीं कहीं है
[03:43.04] तेरे आँसू मेरे ख़ूँ में रमा क्यूँ?
[03:48.80] दिखता नहीं क्यूँ इन आँखों को?
[03:54.84] दिल में फिर भी तेरे इतने निशाँ क्यूँ?
[03:59.72] मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
[04:05.67] हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
[04:11.51] मेरा दिल तेरी याद में टूट ही जाए
[04:17.63] हाँ, रूठ ही जाए ख़ुद से
[04:24.63]