Apni Apni Biwi Pe
🎵 2118 characters
⏱️ 3:36 duration
🆔 ID: 989450
📜 Lyrics
अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
जैसी भी है बीवी, शौहर के लिए हूर है
अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
काली जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
काली जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
अजी, लोगों से ये बोले, कि लोगों से ये बोले
"लैला भी थी काली, ये क़िस्सा मशहूर है
लैला भी थी काली, ये क़िस्सा मशहूर है"
अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
मोटी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
मोटी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
अजी, लोगों से ये बोले, हाँ, लोगों से ये बोले
"खाते-पीते घर की है, रंज-ओ-ग़म से दूर है
खाते-पीते घर की है, रंज-ओ-ग़म से दूर है"
अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
ठिंगनी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
ठिंगनी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
अजी, लोगों से ये बोले, हाँ, लोगों से ये बोले
ऊँचे घर से आई है, छोटा कद ज़ुरूर है
ऊँचे घर से आई है, छोटा कद ज़ुरूर है
अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
जैसी भी है बीवी, शौहर के लिए हूर है
अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
जैसी भी है बीवी, शौहर के लिए हूर है
अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
काली जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
काली जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
अजी, लोगों से ये बोले, कि लोगों से ये बोले
"लैला भी थी काली, ये क़िस्सा मशहूर है
लैला भी थी काली, ये क़िस्सा मशहूर है"
अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
मोटी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
मोटी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
अजी, लोगों से ये बोले, हाँ, लोगों से ये बोले
"खाते-पीते घर की है, रंज-ओ-ग़म से दूर है
खाते-पीते घर की है, रंज-ओ-ग़म से दूर है"
अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
ठिंगनी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
ठिंगनी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
अजी, लोगों से ये बोले, हाँ, लोगों से ये बोले
ऊँचे घर से आई है, छोटा कद ज़ुरूर है
ऊँचे घर से आई है, छोटा कद ज़ुरूर है
अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
जैसी भी है बीवी, शौहर के लिए हूर है
⏱️ Synced Lyrics
[00:19.75] अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
[00:25.99] अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
[00:31.42] जैसी भी है बीवी, शौहर के लिए हूर है
[00:36.88] अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
[00:42.69]
[00:56.93] काली जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
[01:02.68] काली जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
[01:07.56] अजी, लोगों से ये बोले, कि लोगों से ये बोले
[01:13.43] "लैला भी थी काली, ये क़िस्सा मशहूर है
[01:19.17] लैला भी थी काली, ये क़िस्सा मशहूर है"
[01:24.97] अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
[01:30.89]
[01:44.55] मोटी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
[01:50.66] मोटी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
[01:55.56] अजी, लोगों से ये बोले, हाँ, लोगों से ये बोले
[02:01.55] "खाते-पीते घर की है, रंज-ओ-ग़म से दूर है
[02:07.56] खाते-पीते घर की है, रंज-ओ-ग़म से दूर है"
[02:12.92] अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
[02:19.37]
[02:41.79] ठिंगनी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
[02:47.53] ठिंगनी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
[02:52.46] अजी, लोगों से ये बोले, हाँ, लोगों से ये बोले
[02:58.34] ऊँचे घर से आई है, छोटा कद ज़ुरूर है
[03:04.08] ऊँचे घर से आई है, छोटा कद ज़ुरूर है
[03:09.63] अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
[03:15.52] जैसी भी है बीवी, शौहर के लिए हूर है
[03:21.14]
[00:25.99] अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
[00:31.42] जैसी भी है बीवी, शौहर के लिए हूर है
[00:36.88] अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
[00:42.69]
[00:56.93] काली जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
[01:02.68] काली जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
[01:07.56] अजी, लोगों से ये बोले, कि लोगों से ये बोले
[01:13.43] "लैला भी थी काली, ये क़िस्सा मशहूर है
[01:19.17] लैला भी थी काली, ये क़िस्सा मशहूर है"
[01:24.97] अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
[01:30.89]
[01:44.55] मोटी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
[01:50.66] मोटी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
[01:55.56] अजी, लोगों से ये बोले, हाँ, लोगों से ये बोले
[02:01.55] "खाते-पीते घर की है, रंज-ओ-ग़म से दूर है
[02:07.56] खाते-पीते घर की है, रंज-ओ-ग़म से दूर है"
[02:12.92] अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
[02:19.37]
[02:41.79] ठिंगनी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
[02:47.53] ठिंगनी जिस की बीवी, वो लोगों से ये बोले
[02:52.46] अजी, लोगों से ये बोले, हाँ, लोगों से ये बोले
[02:58.34] ऊँचे घर से आई है, छोटा कद ज़ुरूर है
[03:04.08] ऊँचे घर से आई है, छोटा कद ज़ुरूर है
[03:09.63] अपनी-अपनी बीवी पे सब को ग़ुरूर है
[03:15.52] जैसी भी है बीवी, शौहर के लिए हूर है
[03:21.14]